धर्मशाला।
हिमाचल प्रदेश विधानसभा के शीतकालीन सत्र के दूसरे दिन आज धर्मशाला में राजनीतिक टकराव चरम पर पहुँच गया। विधायक क्षेत्र विकास निधि (MLA LAD Fund) जारी न होने को लेकर भाजपा विधायकों ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए विधानसभा परिसर के बाहर जोरदार धरना-प्रदर्शन किया। विधायकों ने हाथों में तख्तियां लेकर नारेबाजी की और सरकार पर गंभीर आरोप लगाए।
सुबह जैसे ही सत्र की कार्यवाही शुरू हुई, भाजपा विधायक विपक्ष लॉज से हाथों में तख्तियां लेकर बाहर निकले और सत्र के बाहर धरने पर बैठ गए। भाजपा का आरोप है कि सरकार जानबूझकर MLA फंड पर रोक लगाए हुए है, जिससे विकास कार्य पूरी तरह ठप हो गए हैं।
जयराम ठाकुर का हमला — “ट्रेजरी खाली, अफसरों ने हाथ खड़े किए”
नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि MLA क्षेत्र विकास निधि बजट में स्वीकृत है, लेकिन ट्रेजरी से पैसा जारी नहीं किया जा रहा। अफसर साफ कह रहे हैं कि 10,000 रुपये से ऊपर कोई राशि जारी नहीं की जा सकती, जो लोकतंत्र का मज़ाक है।
उन्होंने आगे कहा—
“आपदा में सड़कें टूटीं, पुल बह गए… लोग MLA फंड की उम्मीद करते हैं लेकिन सरकार फंड जारी ही नहीं कर रही। बजट में पैसा है तो जा कहां रहा है?”
जयराम ठाकुर ने आरोप लगाया कि सरकार टोकन जारी करके कमीशन लेने और ठेकेदारों का पेमेंट रोकने का नया मॉडल चला रही है, जो नए तरीके का भ्रष्टाचार है।
विकास कार्य ठप होने का आरोप
भाजपा विधायकों ने दावा किया कि ट्रेजरी पर रोक के कारण पूरे प्रदेश में विकास कार्य रुक गए हैं। आने वाले दिनों में यह मुद्दा सरकार और विपक्ष के बीच और तीखा हो सकता है।