सोलन।
सोलन–सपाटू मार्ग पर देवठी के समीप रविवार तड़के आसमानी बिजली गिरने से बड़ा नुकसान हो गया। इस हादसे में 55 से अधिक भेड़-बकरियों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि कई अन्य घायल हो गई हैं। गनीमत यह रही कि घटना के समय मौके पर मौजूद तीन भेड़पालक बाल-बाल बच गए, अन्यथा जानी नुकसान भी हो सकता था।
प्राप्त जानकारी के अनुसार किन्नौर जिले के रहने वाले भेड़पालक इन दिनों सोलन–सपाटू क्षेत्र में अपनी भेड़-बकरियों को चराने के लिए आए हुए थे। रविवार सुबह करीब पौने चार बजे हल्की बूंदाबांदी शुरू होने पर भेड़पालक टेंट लगाने की तैयारी कर रहे थे, तभी अचानक तेज गर्जना के साथ आसमानी बिजली गिरी।
इस हादसे में किन्नौर के भावानगर क्षेत्र के विशाल नेगी, विनय सिंह, कृष्ण भगत और विनोद कुमार चौरा की भेड़-बकरियों को भारी नुकसान पहुंचा। भेड़पालकों के पास इस समय कुल लगभग 650 भेड़-बकरियां थीं, जिनमें से 55 से अधिक की मौके पर ही मौत हो गई।
घटना के वक्त मौके पर मौजूद भेड़पालक बुद्धि सिंह, कुलदीप नेगी और विनोद नेगी ने बताया कि वे किसी तरह बचने में सफल रहे। उन्होंने कहा कि यह हादसा बेहद भयावह था और कुछ सेकंड की देरी जानलेवा साबित हो सकती थी।
भेड़पालकों ने प्रशासन और प्रदेश सरकार से नुकसान का उचित मुआवजा देने की मांग की है। उनका कहना है कि यह उनका एकमात्र आजीविका का साधन है और इतनी बड़ी संख्या में पशुओं की मौत से उन्हें भारी आर्थिक क्षति हुई है।