चुवाड़ी में सिविल कोर्ट और CBSE स्कूल खोलने की घोषणा, भटियात की सड़कों के लिए 10 करोड़ देगी सरकार

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चुवाड़ी (चंबा)

मुख्यमंत्री सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने भटियात विधानसभा क्षेत्र के चुवाड़ी में सिविल कोर्ट खोलने की घोषणा की है। इसके साथ ही क्षेत्र में सीबीएसई से संबद्ध स्कूल स्थापित करने और विभिन्न सड़क परियोजनाओं के लिए 10 करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता देने का ऐलान किया। मुख्यमंत्री ने ये घोषणाएं चुवाड़ी चौगान में आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए कीं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार अगले महीने से ‘मुख्यमंत्री का अपना परिवार सुखी परिवार योजना’ शुरू करेगी। इसके तहत पात्र गरीब परिवारों की महिलाओं को हर महीने 1,500 रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी। लाभार्थियों को 300 यूनिट मुफ्त बिजली और स्वास्थ्य बीमा कार्ड के माध्यम से निःशुल्क चिकित्सा सुविधा देने का भी प्रावधान होगा।

उन्होंने बताया कि इस योजना से भटियात विधानसभा क्षेत्र के लगभग 10 हजार पात्र परिवारों की 20 हजार महिलाएं लाभान्वित होंगी।

किसानों और पशुपालकों को मिल रहा समर्थन मूल्य

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए कृषि और पशुपालन से जुड़े उत्पादों के लिए समर्थन मूल्य उपलब्ध करवा रही है। उनके अनुसार कच्ची हल्दी के लिए 150 रुपये, गेहूं के लिए 80 रुपये और मक्की के लिए 50 रुपये प्रति किलोग्राम न्यूनतम समर्थन मूल्य निर्धारित किया गया है।

उन्होंने बताया कि गाय के दूध के लिए 61 रुपये और भैंस के दूध के लिए 71 रुपये प्रति लीटर समर्थन मूल्य दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इन पहलों का उद्देश्य किसानों और पशुपालकों की आमदनी बढ़ाना तथा ग्रामीण क्षेत्रों में आर्थिक गतिविधियों को प्रोत्साहित करना है।

चंबा मेडिकल कॉलेज को 190 करोड़ रुपये आवंटित

स्वास्थ्य सेवाओं का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों तक आधुनिक चिकित्सा सुविधाएं पहुंचाने के लिए प्रदेश सरकार स्वास्थ्य क्षेत्र में सुधार कर रही है। चंबा मेडिकल कॉलेज के सुचारू संचालन के लिए 190 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं। इसके अलावा संस्थान में 32 स्नातकोत्तर सीटें भी उपलब्ध करवाई गई हैं।

उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि लोगों को बेहतर उपचार के लिए दूर-दराज के क्षेत्रों से बाहर न जाना पड़े और मेडिकल कॉलेजों में आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध हों।

शिक्षा के क्षेत्र में भर्ती और CBSE स्कूलों पर जोर

मुख्यमंत्री ने पूर्व भाजपा सरकार पर आवश्यक स्टाफ की व्यवस्था किए बिना स्वास्थ्य और शिक्षण संस्थान खोलने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार ने शैक्षणिक संस्थानों का युक्तिकरण किया है और शिक्षकों के हजारों रिक्त पद भरे हैं।

सुक्खू के अनुसार ग्रामीण क्षेत्रों के विद्यार्थियों को बेहतर शिक्षा देने के लिए प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में कम से कम दो से तीन सीबीएसई संबद्ध स्कूल शुरू किए गए हैं। उन्होंने बताया कि पूरी तरह मेरिट के आधार पर 2,700 से अधिक शिक्षकों की भर्ती की गई है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि 100 से अधिक स्कूलों को सीबीएसई से संबद्ध करने की प्रक्रिया चल रही है और इनके लिए शैक्षणिक स्टाफ की भर्ती का विज्ञापन भी जारी किया जा चुका है।

उन्होंने शिक्षा की गुणवत्ता से जुड़े आंकड़ों का हवाला देते हुए कहा कि वर्ष 2021 में हिमाचल प्रदेश इस मामले में देश में 21वें स्थान पर था, जबकि वर्ष 2025 में प्रदेश पांचवें स्थान पर पहुंचा।

केंद्र से वित्तीय सहायता नहीं मिलने का आरोप

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार को वित्तीय चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार ने हिमाचल प्रदेश को मिलने वाला राजस्व घाटा अनुदान बंद कर दिया है। इसके अलावा प्राकृतिक आपदा के बाद प्रधानमंत्री के प्रदेश दौरे के दौरान घोषित 1,500 करोड़ रुपये की सहायता राशि भी अभी तक राज्य को प्राप्त नहीं हुई है।

उन्होंने कहा कि इन परिस्थितियों के बावजूद राज्य सरकार संसाधन जुटाने और भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने के प्रयासों के माध्यम से प्रदेश को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में काम कर रही है। पूर्व भाजपा सरकार के कार्यकाल पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि उस समय कई संस्थान पर्याप्त स्टाफ और सुविधाओं के बिना शुरू किए गए थे।

विधानसभा अध्यक्ष ने भटियात के विकास कार्यों का किया उल्लेख

विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने कहा कि वर्तमान सरकार ने चंबा जिले के सभी विधानसभा क्षेत्रों में संतुलित विकास पर ध्यान दिया है। अपने गृह क्षेत्र भटियात का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि पहले इस क्षेत्र को पिछड़ा माना जाता था, लेकिन अब सड़क, स्वास्थ्य, शिक्षा और पेयजल जैसी सुविधाओं के विस्तार पर काम हुआ है।

उन्होंने मुख्यमंत्री सुख-आश्रय योजना और मुख्यमंत्री ग्रीन पंचायत योजना का जिक्र करते हुए कहा कि सरकार ने कमजोर वर्गों की सामाजिक सुरक्षा के लिए कई पहलें की हैं। पठानिया ने यह भी बताया कि प्राकृतिक आपदाओं में पूरी तरह क्षतिग्रस्त मकानों के पुनर्निर्माण के लिए दी जाने वाली सहायता राशि 1.50 लाख रुपये से बढ़ाकर 8.50 लाख रुपये की गई है।

विधानसभा अध्यक्ष ने मुख्यमंत्री के समक्ष भटियात क्षेत्र की विभिन्न विकासात्मक मांगें भी रखीं।

दिवंगत नेताओं को दी श्रद्धांजलि

कार्यक्रम के दौरान सातवें राज्य वित्त आयोग के अध्यक्ष एवं रामपुर के विधायक नंद लाल तथा युवा कांग्रेस नेता चंद्रमणि कुलेठी के निधन पर दो मिनट का मौन रखकर श्रद्धांजलि अर्पित की गई।

इस अवसर पर विधायक नीरज नैय्यर, पूर्व मंत्री आशा कुमारी, पूर्व विधायक अजय महाजन, जिला परिषद अध्यक्ष रेखा ठाकुर सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।