शिमला,
बिग बास्केट के माध्यम से शहद बेचने की तैयारी
बैठक में बागवानी मंत्री ने शहद के बेहतर विपणन पर भी जोर दिया। उन्होंने बागवानी विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि बिग बास्केट के माध्यम से हिमाचल के शहद की मार्केटिंग किए जाने को लेकर विस्तृत प्रस्ताव तैयार कर प्रदेश सरकार को प्रस्तुत किया जाए।
उन्होंने कहा कि बेहतर बाजार उपलब्ध होने से मधुमक्खी पालकों को अपनी उपज के विपणन में सुविधा मिल सकती है और उनके उत्पादों को व्यापक बाजार तक पहुंचाने में मदद मिलेगी।
मधुमक्खी पालन किसानों की आय का महत्वपूर्ण जरिया
उप-मुख्य सचेतक केवल सिंह पठानिया ने बैठक में कहा कि हिमाचल प्रदेश में मधुमक्खी पालन एक महत्वपूर्ण व्यवसाय है। बड़ी संख्या में किसान और बागवान इससे अपनी आय अर्जित करते हैं।
उन्होंने बताया कि मधुमक्खी पालकों को एथिना टुमिडा से हुए नुकसान का मामला मुख्यमंत्री के समक्ष भी उठाया गया है। उन्होंने प्रभावित पालकों को राहत उपलब्ध करवाने की आवश्यकता पर जोर दिया।
बैठक में निदेशक बागवानी सतीश कुमार, एचपी शिवा परियोजना निदेशक समीर राणा सहित बागवानी विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।/कांगड़ा: कांगड़ा जिले में छोटे छत्ते वाले भृंग एथिना टुमिडा (Aethina tumida) के बढ़ते प्रकोप से प्रभावित मधुमक्खी पालकों को प्रदेश सरकार राहत राशि प्रदान करेगी। राजस्व, बागवानी, जनजातीय विकास एवं जनशिकायत निवारण मंत्री जगत सिंह नेगी ने अधिकारियों के साथ बैठक के बाद प्रभावित मधुमक्खी पालकों को 30 प्रतिशत राहत राशि देने की घोषणा की।
जगत सिंह नेगी ने बागवानी विभाग के अधिकारियों के साथ कांगड़ा जिले में एथिना टुमिडा के कारण मधुमक्खी पालन को हुए नुकसान की स्थिति की समीक्षा की। बैठक में बताया गया कि कांगड़ा, बंड्डी, नागण, फट और कल्याड़ा क्षेत्रों में इस कीट के प्रसार से मधुमक्खी पालकों को काफी नुकसान उठाना पड़ा है।
मधुमक्खी के छत्तों को पहुंचा रहा नुकसान
बैठक में अधिकारियों ने बताया कि एथिना टुमिडा मधुमक्खियों के बॉक्स में लार्वा छोड़ता है। इसके बाद कुछ ही दिनों में यह मधुमक्खी कॉलोनी और शहद को नुकसान पहुंचा सकता है। इसके प्रकोप के कारण प्रभावित क्षेत्रों में मधुमक्खी पालकों को आर्थिक नुकसान का सामना करना पड़ रहा है।
बागवानी मंत्री ने कहा कि सरकार प्रभावित मधुमक्खी पालकों को राहत देने के लिए 30 प्रतिशत राहत राशि प्रदान करेगी। उन्होंने अधिकारियों को नुकसान से प्रभावित पालकों तक राहत पहुंचाने के लिए आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।