ज्वालामुखी (कांगड़ा):
मुख्यमंत्री सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने आज ज्वालामुखी क्षेत्र में विद्युत अधोसंरचना को सुदृढ़ करने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए विद्युत मंडल और उपमंडल कार्यालय भवनों के निर्माण कार्य तथा 33 केवी सब-स्टेशन के सुदृढ़ीकरण का शिलान्यास किया। इन परियोजनाओं पर लगभग 4 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।
मुख्यमंत्री ने बताया कि इन योजनाओं से 35,000 से अधिक उपभोक्ताओं को लाभ मिलेगा, जिनमें आम जनता के साथ जल शक्ति विभाग की विभिन्न योजनाएं भी शामिल हैं। उन्होंने कहा कि इससे क्षेत्र में बिजली आपूर्ति और व्यवस्था में उल्लेखनीय सुधार होगा।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने एक महत्वपूर्ण घोषणा करते हुए ज्वालामुखी के देहरियां क्षेत्र में नए विद्युत उपमंडल खोलने की घोषणा की, जिसके लिए 10 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। इससे वोल्टेज की समस्या का समाधान होगा और उपभोक्ताओं को सप्ताहभर निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित की जा सकेगी।
मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि इससे पूर्व क्षेत्र में 48 करोड़ रुपये की लागत से 9 नए 33 केवी उपमंडलों की घोषणा की जा चुकी है, जिनका निर्माण कार्य विभिन्न चरणों में जारी है।
उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए Jwalamukhi Temple, Chintpurni Temple और Naina Devi Temple में मास्टर प्लान के तहत कार्य कर रही है। इसके तहत ज्वालामुखी और नैना देवी मंदिरों के सौंदर्यीकरण पर 150 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे, जिसमें पहले चरण के लिए 25 करोड़ रुपये जारी किए गए हैं।
कार्यक्रम से पूर्व मुख्यमंत्री ने ज्वालामुखी मंदिर में पूजा-अर्चना कर क्षेत्र में चल रहे विकास कार्यों का निरीक्षण भी किया।
स्थानीय विधायक संजय रत्न ने विभिन्न विकास कार्यों के लिए मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि वर्तमान सरकार के कार्यकाल में क्षेत्र में तेज़ी से विकास कार्य हो रहे हैं। इस अवसर पर विधायक कमलेश ठाकुर सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति भी उपस्थित रहे।