वन मित्रों का मानदेय बढ़कर ₹12 हजार, घुमारवीं में मुख्यमंत्री ने की कई बड़ी घोषणाएं

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बिलासपुर,

मुख्यमंत्री सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने बिलासपुर जिले के घुमारवीं विधानसभा क्षेत्र के निहारी में वन महोत्सव का शुभारंभ करते हुए वन मित्रों के लिए बड़ी घोषणा की। उन्होंने वन मित्रों का मासिक मानदेय 10 हजार रुपये से बढ़ाकर 12 हजार रुपये करने का ऐलान किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने सहजन का पौधा भी रोपा।

वन महोत्सव के तहत हिमाचल प्रदेश में 7,000 हेक्टेयर भूमि पर 50 लाख से अधिक पौधे लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। मुख्यमंत्री ने पर्यावरण संरक्षण और हरित क्षेत्र बढ़ाने के लिए प्रदेशवासियों से अधिक से अधिक पौधे लगाने का आह्वान किया।

भराड़ी को तहसील का दर्जा, शिक्षा और स्वास्थ्य क्षेत्र में भी घोषणाएं

दधोल में आयोजित समारोह के दौरान मुख्यमंत्री ने भराड़ी उप-तहसील को तहसील का दर्जा देने की घोषणा की। इसके अलावा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र हटवाड़ में डॉक्टरों के दो अतिरिक्त पद सृजित करने और तड़ौन ग्राम पंचायत में पशु औषधालय खोलने का ऐलान किया।

राजकीय महाविद्यालय घुमारवीं में एमबीए, एमसीए और एमटीए की कक्षाएं शुरू करने तथा राजकीय महाविद्यालय घंडावली में बीबीए और बीसीए की कक्षाएं शुरू करने की भी घोषणा की गई।

मुख्यमंत्री ने यह भी घोषणा की कि 15 अगस्त के स्वतंत्रता दिवस कार्यक्रमों के बदले 17 अगस्त 2026 को प्रदेश के सभी विद्यालयों में अवकाश रहेगा।

6 हजार से अधिक शिक्षकों की नियुक्ति, 4 हजार और भर्ती होंगे

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार शिक्षा और स्वास्थ्य क्षेत्र में लगातार सुधार कर रही है। शिक्षकों की कमी दूर करने के लिए अब तक 6,000 से अधिक शिक्षकों की नियुक्ति की जा चुकी है और आने वाले समय में 4,000 और शिक्षकों की भर्ती की जाएगी।

उन्होंने कहा कि शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने के लिए प्रदेश में 156 से अधिक सीबीएसई विद्यालय खोले गए हैं और राजीव गांधी डे-बोर्डिंग स्कूलों का निर्माण भी किया जा रहा है।

प्राकृतिक खेती और ग्रामीण अर्थव्यवस्था पर जोर

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार प्राकृतिक खेती को बढ़ावा दे रही है। किसानों की आर्थिक स्थिति मजबूत करने के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य उपलब्ध करवाया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि प्राकृतिक खेती के माध्यम से हल्दी की खेती करने वाला किसान एक बीघा भूमि से सालाना एक लाख रुपये तक की आय अर्जित कर सकता है। आने वाले वर्षों में ग्रामीण अर्थव्यवस्था में निवेश को और बढ़ाया जाएगा।

आपदा प्रभावित परिवारों के मुआवजे का किया जिक्र

आपदा का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में 23 हजार से अधिक मकान क्षतिग्रस्त हुए हैं। उन्होंने बताया कि पूरी तरह क्षतिग्रस्त मकानों के लिए मुआवजा वर्ष 2023 में 7 लाख रुपये था, जिसे बढ़ाकर अब 8.50 लाख रुपये कर दिया गया है।

मुख्यमंत्री ने आपदा प्रभावित परिवारों के लिए सरकार द्वारा किए गए प्रयासों का भी उल्लेख किया।

वाइल्डफ्लावर हॉल से प्रदेश को 450 करोड़ रुपये मिलने का दावा

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार ने वाइल्डफ्लावर हॉल मामले में जीत हासिल की है, जिससे हिमाचल को 450 करोड़ रुपये प्राप्त हुए हैं। उन्होंने कहा कि अब इस संपत्ति से प्रदेश सरकार को लगभग 20 करोड़ रुपये प्रतिवर्ष की आय हो रही है।

उन्होंने किशाऊ बिजली परियोजना का भी जिक्र किया और कहा कि सरकार के प्रयासों से हिमाचल प्रदेश को लगभग 800 करोड़ रुपये की बचत हुई है।

बीबीएमबी के 7,200 करोड़ रुपये के दावे का जिक्र

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार भाखड़ा ब्यास प्रबंधन बोर्ड से 7,200 करोड़ रुपये की बकाया राशि के अपने दावे को मजबूती से आगे बढ़ा रही है। उन्होंने कहा कि इस मामले में पंजाब द्वारा 20 अगस्त को अपना पक्ष रखने के बाद प्रदेश सरकार आगामी रणनीति तय करेगी।

उन्होंने पुरानी पेंशन योजना बहाल करने और केंद्र से वित्तीय सहायता रोके जाने का भी उल्लेख किया।

स्वास्थ्य क्षेत्र में आधुनिक सुविधाओं का विस्तार

मुख्यमंत्री ने कहा कि एआईएमएसएस चमियाना, आईजीएमसी शिमला, टांडा और नेरचौक में आधुनिक चिकित्सा उपकरण स्थापित किए गए हैं। मेडिकल कॉलेजों में रोबोटिक सर्जरी की सुविधाएं भी शुरू की गई हैं।

उन्होंने हिमकेयर योजना में कथित अनियमितताओं का आरोप लगाते हुए कहा कि भाजपा शासन के दौरान निजी अस्पतालों को योजना के तहत लगभग 450 करोड़ रुपये का भुगतान किया गया।

तकनीकी शिक्षा मंत्री ने सरकार की योजनाओं को गिनाया

तकनीकी शिक्षा मंत्री राजेश धर्माणी ने कहा कि प्रदेश सरकार ने अनाथ बच्चों के कल्याण को प्राथमिकता दी है और उन्हें ‘चिल्ड्रन ऑफ द स्टेट’ घोषित किया गया है। उन्होंने कहा कि विधवाओं के बच्चों की शिक्षा की जिम्मेदारी भी सरकार उठा रही है।

उन्होंने मेधावी विद्यार्थियों के लिए एक प्रतिशत ब्याज दर पर 20 लाख रुपये तक के ऋण, किसानों के लिए एमएसपी तथा प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने जैसी योजनाओं का उल्लेख किया।

उन्होंने बेरोजगार युवाओं के लिए ई-टैक्सियों और बसों पर सब्सिडी देने की बात भी कही।