हिमाचल के 419 खिलाड़ियों को 17.85 करोड़ की सम्मान राशि, मुख्यमंत्री ने प्रदान किए हिम रतन-2026 पुरस्कार

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शिमला,

राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय खेल प्रतियोगिताओं में हिमाचल प्रदेश का गौरव बढ़ाने वाले 419 खिलाड़ियों को मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने हिम रतन-2026 पुरस्कार से सम्मानित किया। शिमला में आयोजित राज्य स्तरीय समारोह में खिलाड़ियों को कुल 17.85 करोड़ रुपये की पुरस्कार राशि के चेक वितरित किए गए।

सम्मानित खिलाड़ियों में 51 ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर और 368 ने राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में उल्लेखनीय प्रदर्शन किया है। अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ियों को 13.55 करोड़ रुपये, जबकि राष्ट्रीय स्तर पर उपलब्धियां हासिल करने वाले खिलाड़ियों को 4.30 करोड़ रुपये की राशि प्रदान की गई।

सावन बरवाल को 2.50 करोड़, सीमा कुमारी को डेढ़ करोड़

मुख्यमंत्री ने जापान में आयोजित एशियन खेल-2026 में पुरुष मैराथन में रजत पदक जीतने वाले एथलीट सावन बरवाल को 2.50 करोड़ रुपये का चेक दिया। वहीं, 10 हजार मीटर दौड़ में कांस्य पदक हासिल करने वाली सीमा कुमारी को 1.50 करोड़ रुपये से सम्मानित किया गया।

एशियन खेलों में महिला कबड्डी का स्वर्ण पदक जीतने वाली भारतीय टीम की हिमाचली खिलाड़ियों रितु नेगी, पुष्पा राणा, ज्योति ठाकुर और भावना ठाकुर को एक-एक करोड़ रुपये प्रदान किए गए। क्रिकेट खिलाड़ी रेणुका ठाकुर को भी एक करोड़ रुपये की पुरस्कार राशि का चेक दिया गया।

मुख्यमंत्री ने खिलाड़ियों को बधाई देते हुए कहा कि उनकी उपलब्धियां लंबे समय के अभ्यास, मेहनत, प्रशिक्षकों के मार्गदर्शन और परिवार के सहयोग का परिणाम हैं। खेल युवाओं में अनुशासन, आत्मविश्वास और नेतृत्व क्षमता विकसित करने का प्रभावी माध्यम हैं।

ओलंपिक और एशियन खेलों की पुरस्कार राशि में बढ़ोतरी

मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश सरकार ने खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के लिए खेल पुरस्कार राशि में बड़ी वृद्धि की है। ओलंपिक, शीतकालीन ओलंपिक और पैरालंपिक में स्वर्ण पदक जीतने पर मिलने वाली राशि 3 करोड़ से बढ़ाकर 5 करोड़ रुपये कर दी गई है। रजत पदक के लिए 2 करोड़ के स्थान पर 3 करोड़ और कांस्य पदक के लिए 1 करोड़ के स्थान पर 2 करोड़ रुपये देने का प्रावधान किया गया है।

इसी तरह एशियन खेलों और पैरा एशियन खेलों में स्वर्ण पदक के लिए पुरस्कार राशि 50 लाख से बढ़ाकर 4 करोड़ रुपये, रजत पदक के लिए 30 लाख से बढ़ाकर 2.50 करोड़ रुपये और कांस्य पदक के लिए 20 लाख से बढ़ाकर 1.50 करोड़ रुपये की गई है।

उन्होंने कहा कि टीम स्पर्धाओं में पदक जीतने वाले प्रत्येक खिलाड़ी को कम से कम 25 प्रतिशत इनामी राशि देने का प्रावधान भी मंत्रिमंडल से मंजूर किया गया है। इसके अलावा राष्ट्रीय स्तर के कोच और अंतरराष्ट्रीय रेफरी को तीन-तीन लाख रुपये की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। मुख्यमंत्री के अनुसार, खेल विभाग में सरकारी पद सृजित करने का उद्देश्य खिलाड़ियों को रोजगार के अवसर उपलब्ध करवाना और उनके भविष्य को सुरक्षित करना भी है।

20 नवंबर से धर्मशाला में शुरू होगा ‘खेलो हिमाचल अभियान’

युवाओं को नशे, खासकर चिट्टे के दुष्प्रभावों से दूर रखने के उद्देश्य से प्रदेश सरकार 20 नवंबर से धर्मशाला में ‘खेलो हिमाचल अभियान’ शुरू करेगी। इसके तहत क्रिकेट, वॉलीबाल और कबड्डी प्रतियोगिताएं करवाई जाएंगी। इनमें 15 से 30 वर्ष आयु वर्ग के युवक और युवतियां हिस्सा ले सकेंगे।

प्रतियोगिताएं उपमंडल, जिला और राज्य स्तर पर आयोजित होंगी। मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य स्तरीय प्रतियोगिताओं में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाली टीम को 21 लाख, दूसरे स्थान पर रहने वाली टीम को 15 लाख और तीसरे स्थान पर आने वाली टीम को 10 लाख रुपये दिए जाएंगे।

जिला स्तर पर विजेता टीम को 2 लाख, उपविजेता को 1.50 लाख और तीसरे स्थान पर रहने वाली टीम को 1 लाख रुपये की पुरस्कार राशि मिलेगी। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने अभियान की आधिकारिक वेबसाइट और मस्कट का भी अनावरण किया।

नादौन में 170 करोड़ से बनेगा आधुनिक इंडोर स्टेडियम

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में खेलों के लिए बेहतर सुविधाएं विकसित करने और आधारभूत ढांचे को मजबूत करने पर काम किया जा रहा है। हमीरपुर जिले के नादौन में करीब 170 करोड़ रुपये की लागत से आधुनिक इंडोर स्टेडियम बनाया जा रहा है।

इस परिसर में तैराकी, बैडमिंटन, वॉलीबाल, टेनिस, टेबल टेनिस और बॉक्सिंग समेत लगभग 14 खेलों के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर की सुविधाएं उपलब्ध करवाने की योजना है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के अन्य क्षेत्रों में भी खेल स्टेडियम विकसित किए जा रहे हैं, ताकि ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों की प्रतिभाओं को प्रशिक्षण और अभ्यास के बेहतर अवसर मिल सकें।

इस अवसर पर युवा सेवाएं एवं खेल मंत्री यादविंद्र गोमा ने कहा कि राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हिमाचल के खिलाड़ियों की उपलब्धियां प्रदेश के लिए गौरव का विषय हैं। सरकार का प्रयास है कि खेल प्रतिभाओं की पहचान कर उन्हें आगे बढ़ने के लिए बेहतर मंच और आवश्यक सहयोग दिया जाए।

समारोह में स्वास्थ्य मंत्री डॉ. (कर्नल) धनीराम शांडिल, लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह, पूर्व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष प्रतिभा सिंह, स्पोर्ट्स काउंसिल के उपाध्यक्ष छतर सिंह ठाकुर, कैलाश फेडरेशन के चेयरमैन बलदेव सिंह ठाकुर, सचिव प्रियंका बसु इंगटी, युवा सेवाएं एवं खेल विभाग के निदेशक शिवम प्रताप सिंह सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।